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हाथों की लकीरें

हाथों की लकीरें सच्ची थीं,
मुझको ही वो सच्चा कह न सकीं,
सपनों की चमकती चादर को,
इक साल भी देखो सह न सकीं;

मैं जीत गया, मैं हार गया,
सोचा था पहुँच मैं पार गया,
मेरी नाव ही शायद कच्ची थी,
खुशियों के भंवर में बह न सकी,
हाथों की लकीरें सच्ची थीं,
मुझको ही वो सच्चा कह न सकीं;

मेरा नाम हुआ, बदनाम हुआ,
उम्मीदों का सर अंजाम हुआ,
तलवार मेरी ही टूट गयी,
खन-खन की आवाजें सह न सकीं,
हाथों की लकीरें सच्ची थीं,
मुझको ही वो सच्चा कह न सकीं;

मैं हँस भी चुका, मैं रो भी चुका,
मेरी आँख खुली है, मैं सो भी चुका,
करवट ही वो शायद ऐसी थी,
ख्वाबों की लहर में बह न सकी,
हाथों की लकीरें सच्ची थीं,
मुझको ही वो सच्चा कह न सकीं;

उसे पा भी लिया, उसे खो भी दिया,
था नामुमकिन उसे वो भी दिया,
उम्मीद मेरी ही गहरी थी,
गैरों की जुदाई सह न सकी,
हाथों की लकीरें सच्ची थीं,
मुझको ही वो सच्चा कह न सकीं;

मैं मर भी गया, मैं मिट भी गया,
हूँ वक़्त के हाथों पिट भी गया,
ताक़त वो मेरी सब छूट गयी,
अपनों के सितम वो सह न सकी,
हाथों की लकीरें सच्ची थीं,
मुझको ही वो सच्चा कह न सकीं |

11 Comments

Beautiful poem, intense meaning and pondering.,smooth flow.
Of every stanza, 3rd & 4th lines are fantastic.
Liked the poem immensely.

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Raj Reply:

विश्व नन्द जी, आपके प्रोत्साहन के लिए धन्यवाद. ये रचना मैंने दिसम्बर ६, १९९६ में लिखी थी.

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बहुत-बहुत दर्द है आपकी इस रचना में | हर शब्द पीडा का आभास देता है | शब्दों में बहुत सुन्दर तरह पिरोया है |

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Raj Reply:

धन्यवाद् परमिंदर जी, इस रचना में छिपे दर्द को आपने बिल्कुल सही पहचाना है. यह रचना कुछ ऐसे ही वक़्त से सम्बंधित है. ..

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बहुत बढ़िया लिखा है …
मैं जीत गया, मैं हार गया,
सोचा था पहुँच मैं पार गया,

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Raj Reply:

धन्यवाद विजय.

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राज जी, इस रचना की जितनी भी तारीफ़ करूं थोड़ी है, हर पंक्ती अपना दर्द बयाँ करती नजर आती है, बहुत उम्दा गजल,
मैं हँस भी चुका, मैं रो भी चुका,
मेरी आँख खुली है, मैं सो भी चुका,
करवट ही वो शायद ऐसी थी,
ख्वाबों की लहर में बह न सकी,
हाथों की लकीरें सच्ची थीं,
मुझको ही वो सच्चा कह न सकीं;

मजा आ गया- रचना के लिए बधाई

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Raj Reply:

सुशील जी, सराहना के लिए धन्यवाद और इस में छिपे दर्द को महसूस करने के लिए भी.

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बहुत खूब…

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बहोत कमाल की रचना है..

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मुदित जी और स्वप्निल जी, बहुत बहुत धन्यवाद आपकी सराहना के लिए.

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